लोग कहते हैं मुझे प्यार सिखाना आये, मैं जो गा दूँ तो वही सारा ज़माना गाये.... फिर भी एक गीत है जो प्राणों में चुपचाप पड़ा, कई जन्मों से मेरे होंठो पे आना चाहे..... आखिरी गीत वही मुझसे गवा दे सावन, इश्क बुझता है इसे कुछ तो हवा दे सावन....
No comments:
Post a Comment